सपनों को जीवन दे बैठा/राहुल द्विवेदी ‘स्मित’
प्रेम यज्ञ की आहुति बनकर, मैं...
पुनः शकुनि की कपट-चाल से, एक युधिष्ठिर छला गया है/राहुल द्विवेदी ‘स्मित’
पुनः शकुनि की कपट-चाल से, एक युधिष्ठिर...
बदल दिया परिदृश्य गाँव का/राहुल द्विवेदी स्मित’
बदल दिया परिदृश्य गाँव का, फैशन...
सौंप जो मुझको गये थे/राहुल द्विवेदी स्मित’
सौंप जो मुझको गये थे, क्षण कभी...
छोड़ प्रलय के राग पुराने/राहुल द्विवेदी स्मित’
छोड़ प्रलय के राग पुराने, चलो...
